पति घर पहुंचा तो सामने था खौफनाक मंजर... पत्नी की लाश और गायब था मंगलसूत्र!
बेंगलुरु से एक दिल दहला देने वाला हत्या और लूट का मामला सामने आया है। शहर के उत्ताराहल्ली इलाके में एक महिला की उसके ही घर में हत्या कर दी गई। पुलिस जांच में आरोप मकान में रहने वाले किरायेदार दंपति पर लगा है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ के दौरान दोनों ने कथित तौर पर हत्या करने और महिला का सोने का मंगलसूत्र लेकर फरार होने की बात स्वीकार की है।
इस घटना ने एक बार फिर मकान मालिक और किरायेदारों के बीच विश्वास, सुरक्षा और पुलिस सत्यापन जैसे मुद्दों को चर्चा के केंद्र में ला दिया है।
घर में मृत मिली महिला
पुलिस के अनुसार, घटना बेंगलुरु के उत्ताराहल्ली क्षेत्र स्थित न्यू मिलेनियम स्कूल रोड की है। मृतका की पहचान श्रीलक्ष्मी के रूप में हुई है।
मंगलवार को वह अपने घर के हॉल में मृत अवस्था में मिलीं। प्रारंभिक जांच में उनके गले, चेहरे और होंठों पर चोट के निशान पाए गए, जिससे आशंका जताई गई कि उनकी हत्या गला दबाने और मारपीट के बाद की गई।
जांच के दौरान यह भी सामने आया कि महिला के गले से सोने का मंगलसूत्र गायब था।
पति ने देखा खौफनाक मंजर
जानकारी के अनुसार, मृतका के पति कॉटनपेट इलाके में एक अगरबत्ती की दुकान में काम करते हैं।
बताया गया कि दिनभर उन्होंने कई बार अपनी पत्नी को फोन किया, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। पहले उन्होंने इसे सामान्य बात समझा, लेकिन शाम तक संपर्क न होने पर वह घर पहुंचे।
घर का दरवाजा खोलने के बाद उन्होंने पत्नी को हॉल में खून से लथपथ और अचेत अवस्था में पड़ा देखा। तुरंत पुलिस को सूचना दी गई।
पुलिस ने शुरू की जांच
घटना की सूचना मिलते ही उत्ताराहल्ली पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची।
अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया, साक्ष्य एकत्र किए और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस का शक घर में किराये पर रहने वाले दंपति पर गया।
किरायेदार दंपति गिरफ्तार
पुलिस ने संदिग्धों की तलाश शुरू की और जल्द ही किरायेदार प्रसाद श्रीशैल माकाई और उसकी पत्नी साक्षी हनुमंत होड्डुर को हिरासत में ले लिया।
पूछताछ के दौरान दोनों से लंबी पूछताछ की गई।
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में दोनों ने कथित तौर पर महिला की हत्या करने और सोने का मंगलसूत्र लेकर भागने की बात स्वीकार की।
हालांकि पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि हत्या की साजिश पहले से बनाई गई थी या वारदात अचानक हुई।
चोरी था मकसद या कुछ और?
जांच एजेंसियां इस बात की भी पड़ताल कर रही हैं कि क्या हत्या का मुख्य उद्देश्य केवल लूट था या इसके पीछे कोई अन्य कारण भी था।
पुलिस आरोपियों के मोबाइल फोन, बैंक लेन-देन और आपसी बातचीत की भी जांच कर रही है ताकि पूरे घटनाक्रम की स्पष्ट तस्वीर सामने आ सके।
फॉरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार
पुलिस ने महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत का सही कारण और हत्या के समय का पता चल सकेगा।
फॉरेंसिक टीम द्वारा जुटाए गए साक्ष्यों को भी जांच में शामिल किया जा रहा है।
इलाके में दहशत
इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में भय का माहौल है।
पड़ोसियों का कहना है कि उन्हें इस तरह की घटना की बिल्कुल उम्मीद नहीं थी। कई लोगों ने किरायेदारों के पुलिस सत्यापन को अनिवार्य बनाने की मांग भी उठाई है।
सोशल मीडिया पर भी चर्चा
घटना सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर भी इस मामले को लेकर काफी चर्चा हो रही है।
कई लोग सवाल उठा रहे हैं कि यदि समय रहते किरायेदारों का पूरा सत्यापन और निगरानी की व्यवस्था होती, तो शायद इस तरह की घटना रोकी जा सकती थी।
बेंगलुरु में ठगी का एक और मामला
इसी बीच बेंगलुरु पुलिस ने एक अलग मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए वासुदेव आर नामक 32 वर्षीय युवक को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी इंस्टाग्राम के जरिए लोगों को उनकी व्यक्तिगत और पारिवारिक समस्याओं का तुरंत समाधान करने का झांसा देता था।
इसके बाद वह लोगों से पैसे ऐंठता था।
24 लाख रुपये से अधिक की ठगी का आरोप
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी ने कथित तौर पर कई लोगों से 24 लाख रुपये से अधिक की ठगी की।
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने उसके कब्जे से—
चार मोबाइल फोन
20,300 रुपये नकद
बरामद किए हैं।
बरामद सामान की कुल कीमत लगभग 1.60 लाख रुपये बताई गई है।
न्यायिक हिरासत में भेजा गया आरोपी
गिरफ्तारी के बाद आरोपी को स्थानीय अदालत में पेश किया गया।
अदालत ने उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस कथित ठगी में और कितने लोग शामिल थे तथा कितने लोग इसका शिकार बने।
बढ़ रही हैं सुरक्षा संबंधी चिंताएं
बेंगलुरु में सामने आए इन दोनों मामलों ने एक बार फिर शहरी सुरक्षा व्यवस्था और साइबर अपराधों को लेकर चिंता बढ़ा दी है।
विशेषज्ञों का कहना है कि मकान मालिकों को किरायेदार रखने से पहले पुलिस सत्यापन अवश्य कराना चाहिए।
वहीं सोशल मीडिया पर किसी भी व्यक्ति के झांसे में आकर पैसे भेजने से पहले उसकी पूरी जांच-पड़ताल करनी चाहिए।
पुलिस की अपील
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि यदि कोई व्यक्ति सोशल मीडिया पर चमत्कारी समाधान, तंत्र-मंत्र, निवेश या अन्य किसी बहाने से पैसे मांगता है, तो उसकी सूचना तुरंत पुलिस को दें।
साथ ही मकान मालिकों से भी कहा गया है कि नए किरायेदारों का पुलिस सत्यापन कराना सुरक्षा की दृष्टि से बेहद जरूरी है।
जांच जारी
फिलहाल हत्या और कथित ठगी, दोनों मामलों की जांच जारी है।
पुलिस का कहना है कि सभी साक्ष्यों और आरोपियों से पूछताछ के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यदि जांच में अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आती है तो उनके खिलाफ भी कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।

कोई टिप्पणी नहीं